भारत की प्रमुख झीले (Indias Important lakes)

 Indias Important lakes
 
Indias Important Lakes in hindi 

 

भारत की प्रमुख झीले (Indias Important lakes)-

(1)चिल्का झील –

चिल्का भारत की सबसे बड़ी तटीय झील है जो उड़ीसा में स्थित है यहां खारे पानी की एक लैगून झील है!चिल्का झील की लंबाई 65KM चौड़ाई 9 से 20KM.और गहराई लगभग 2 मी.है! इसे दया और भार्गवी नदी से जल प्राप्त होता है यहां पर नौसेना का प्रशिक्षण केंद्र अवस्थित है ! 
 

(2)वुलर झील –

वूलर झील भारत में सबसे मीठे पानी की झील है यह कश्मीर घाटी (जम्मू कश्मीर) में स्थित है! इसका क्षेत्रफल 160 वर्ग किमी.है! इस पर तुलबुल परियोजना संचालित की जा रहीं हैं! झील की उत्पत्ति प्लास्टोसीन युग में विवर्तनिकी क्रियाओं के कारण हुई है ! इसको झेलम नदी से जल की प्राप्ति होती है
 

(3) सांभर झील –

यह भारत की सर्वाधिक खारे पानी की झील है! यह जयपुर के समीप (राजस्थान) में स्थित है, इसका क्षेत्रफल 160 वर्ग किलोमीटर है! एजेंसी नमक की प्राप्ति होती है! हजारों साइबेरिया पक्षी जाड़े के मौसम में प्रवास कर इस झील में आते हैं! सांभर झील को रामसर साइट का दर्जा प्राप्त है! 
 

(4) लोकटक झील –

लोकतक झील (मणिपुर) पूर्वोत्तर भारत में मीठे पानी की सबसे बड़ी झील है इस झील में केबुललामजाओं नाम का तैरता हुआ राष्ट्रीय पार्क स्थित है! इस झील को विश्व में तैरती द्वीपीय झील के रूप में जाना जाता है, क्योंकि यहां तैरते हुए फुम्डिज होते हैं! 
 

(5) कोलेरु झील –

यह आंध्र प्रदेश एवं तमिलनाडु की सीमा पर स्थित है, इसका 84% भाग आंध्र प्रदेश में एवं 16% भाग तमिलनाडु में पड़ता है! यह कोरोमंडल तट पर स्थित दूसरी सबसे बड़ी खारे पानी की झील है इसे अरानी, कालंजी एवं स्वर्णमुखी नदियों से जल की प्राप्ति होती है! 
श्रीहरिकोटा द्वीप से बंगाल की खाड़ी से अलग करता है, श्रीहरिकोटा द्वीप पर ही सतीश धवन उपग्रह प्रक्षेपण केंद्र स्थित है! इस दिल पर एक पक्षी अभ्यारण भी 1980 में स्थापित किया गया था! 
 
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(6) डल झील – 

इस झील श्रीनगर (जम्मू कश्मीर) की एक प्रसिद्ध झील है इसका क्षेत्रफल 18 वर्ग किलोमीटर है! यह  गगरीबल लोकुट डल, बोट डल, नागिन झील आदि चार बेसिनों में विभाजित है! इस फिल्म में लगभग 500 शिकारें(House) पाए जाते हैं शिकारों के अलावा इस झील में वॉटर सॉफ्टनिंग, क्याकिंग, कैनोइंग की सुविधा भी उपलब्ध है! झील में कमल के फूल कुुुुमुद एवं सिंघाड़ेेे पाए जाते हैं! प्रदूषण के कारण ईसीएल का क्षेत्रफल घटता जा रहा है! 
 

(7) वेम्बानाड ( बेम्बानद) झील – 

वेम्बानाड झील पश्चिमी तट पर स्थित एक लैगून झील है इसका क्षेत्रफल लगभग 200 वर्ग किलोमीटर है! यहां केरल की सबसे बड़ी झील है! वेम्बानाड झील में स्थित वेलिंगटन द्वीप पर राष्ट्रीय नौकायन प्रतियोगिता होती है! भारत का सबसे छोटा नेशनल हाईवे NH- 47A इस द्वीप ही पर स्थित है! 
 

(8) पुष्कर झील –  

यह राजस्थान के अजमेर जिले में स्थित एक कृत्रिम झील है लूनी नदी पर बांध बनाकर इसका निर्माण किया गया है! इसे कोंकण झील, पंचम तीर्थ, तीर्थराज,तीर्थों का मामा भी कहा जाता है! नवंबर की कार्तिक पूर्णिमा के अवसर पर अनेक तीर्थयात्री इस झील में पवित्र स्नान के लिए आते हैं! 
 

(9) हुसैन सागर झील – 

यह झील हैदराबाद और सिकंदराबाद के बीच स्थित है! इसे हुसैन शाह वली द्वारा 1565 में मुसी नदी की सहायक नदी पर बनाया गया था ! हुसैन सागर झील से हैदराबाद को जलापूर्ति की जाती है! 

 

(10) चोलामू झील – 

यह झील भारत की सर्वाधिक ऊंचाई पर स्थित झील है! यह सिक्किम में स्थित है! तीस्ता नदी का उद्गगम भी यहीं से होता है!  
 

(11) जयसमंद झील –

राजस्थान के उदयपुर में स्थित जयसमंद झील राजस्थान की सबसे बड़ी एवं भारत की दूसरी सबसे बड़ी कृत्रिम मीठे पानी की झील है, जिसका निर्माण महाराजा जयसिंह ने करवाया था! इसका निर्माण गोमती नदी पर बांध बनाकर किया गया है इसे ढेबरा, जलचरो की बस्ती भी कहा जाता है! 
 

(12) उमियाम झील – 

यह मेघालय के शिलांग में स्थित एक कृत्रिम झील है, इसे बारापानी झील भी कहा जाता है! इसका क्षेत्रफल लगभग 220 वर्ग किलोमीटर है! यहाँ पूर्वोत्तर भारत का पहला हाइड्रल पावर प्रोजेक्ट स्थापित गया है! यह झील पर्यटन के लिए बहुत प्रसिद्ध है
 

(13) सांगेत्सर झील –

यह झील अरुणाचल प्रदेश में 12,000 फीट की ऊंचाई पर स्थित है, यह तवांग से 30 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है! इस झील का पानी ठंड में पूरी तरह से नहीं जमता और गर्मी में पूरी तरह से का पानी नहीं सुखता! तिब्बत के बौद्ध अनुयायी और भारत में इस झील को काफी पवित्र माना जाता है! 
 
 
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